डीएनए हिंदीः जम्हाई आना एक आम बात है लेकिन तभी तक जब इसके आना आपको समान्य लगे. यानी नींद आने से पहले या थोड़ी थकान के बाद. कुछ संख्या से बढ़कर अगर जम्हाई आ रही या पूरे दिन ही बहुत ज्यादा जम्हाई (Excessive yawning) आती है तो ये किसी न किसी गंभीर खतरे का संकेत है.
बोरियत या थकान जम्हाई का कारण होती है लेकि यदि आप बिना किसी विशेष कारण के बहुत अधिक जम्हाई ले रहे हैं, तो आपको डॉक्टर से संपर्क करने की जरूरत हो सकती है. औसतन 5 से 10 बार उबासी लेना ही समान्य होता है. स्लीप फाउंडेशन के अनुसार जो लोग एक दिन में 100 बार उबासी यानी जम्हाई लेते हैं, उनमें कई तरह की समस्याएं हो सकती हैं, अगर आप बिना किसी विशेष कारण के बहुत अधिक जम्हाई ले रहे हैं, तो यह अनिद्र से लेकर न्यूरोलॉजिकल डिसऑर्डर तक का कारण हो सकता है. कई बार ये डिप्रेशन का भी संकेत होता है. तो चलिए जानें कि उबासी किन खतरे का संकेत देती है.
जम्हाई लेने के पीछे कई कारण
"जम्हाई वेगस तंत्रिका की एक तंत्रिका संबंधी प्रतिक्रिया है जो पेट और हृदय को मस्तिष्क से जोड़ती है. उबासी के कारण बोरियत से भी जुड़ा है. चिंता या अवसाद जैसे मनोरोग संबंधी मुद्दे, नार्कोलेप्सी, नींद की कमी भी इसके लिए जिम्मेदार हो सकते हैं. यही नहीं, कुछ गंभीर खतरो में लो ब्लड शुगर, मिर्गी की शुरुआत, मल्टीपल स्केलेरोसिस जैसे न्यूरोलॉजिकल रोग याआंत से खून बहना, लीवर सिरोसिस. डि-हाईड्रेशन या यहां तक कि ब्लड प्रेशर गिरने तक के कारण भी बहुत अधिक उबासी आती है.
जौ का पानी नहीं है किसी अमृत से कम, इन 5 बीमारियों के लिए है रामबाण
यह हेपेटिक एन्सेफेलोपैथी जैसे चयापचय रोग का एक मार्कर हो सकता है जो सिरोसिस या पुराने लिवर रोग वाले मरीजों में होता है. यह मिर्गी वाले लोगों में हो सकता है.
इन कारणों से भी आती है बहुत ज्यादा उबासी
अपर्याप्त नींद
जम्हाई लेना इंगित करता है कि एक व्यक्ति में कि उसकी नींद पूरी नहीं हो रही है या रात में नींद किसी न किसी कारण उचटती है.
न्यूरोलॉजिकल कारण
अत्यधिक नींद आने का संकेत कई बार न्यूरोलॉजिकल कारणों से भी होते हैं. पार्किंसंस, पार्किन्सोनियन रोग, तीव्र स्ट्रोक से पहले भी उबासी यानी जम्हाई बहुत आती है.
पानी की कमी
जब भी शरीर में पानी की कमी होती है जम्हाई आने लगती है और शरीर थकान और नींद सा महसूस करने लगाता है. ये खतरे का संकेत है. ऐसा होते ही आप को अच्छी तरह से हाइड्रेटेड रखें. ठंडे तरल पदार्थों का सेवन करें.
नींद में सांस लेने में बाधा
एक और महत्वपूर्ण कारण ये भी है उबासी का कि अगर नींद में सांस लेने में बाधा होना. ये ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया कहलाता है. हम सभी जानते हैं कि रोगी को रात में एपनोइक एपिसोड होता है, इसलिए वह रात को चैन से सो नहीं पाता है. इसलिए वे दिन भर थके रहते हैं, और दिन भर जम्हाई लेते रहते हैं.
नार्कोलेप्सी
नार्कोलेप्सी जैसी कुछ एटियलजि, जो नींद से संबंधित कुछ विकारों में से एक है, जिसमें लोगों में दिन के समय झपकी लेने की अत्यधिक प्रवृत्ति होती है. इसलिए ये दिन में खूब जम्हाई लेते हैं.
ये मेडिकल कारण भी हैं जिम्मेदार
क्रोनिक किडनी रोग में भी बहुत अधिक उबासी आती है. कई बार सिरदर्द या माइग्रेन में भी उबासी आती है.
तो इस मुद्दे पर ध्यान देना महत्वपूर्ण है क्योंकि कई बार ये रोगी अत्यधिक थकान और जम्हाई लेने के कारण वाहन चलाते समय सड़क दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं.
(Disclaimer: हमारा लेख केवल जानकारी प्रदान करने के लिए है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें.)
देश-दुनिया की ताज़ा खबरों Latest News पर अलग नज़रिया, अब हिंदी में Hindi News पढ़ने के लिए फ़ॉलो करें डीएनए हिंदी को गूगल, फ़ेसबुक, ट्विटर और इं
- Log in to post comments

बहुत ज्यादा जम्हाई लेना खतरनाक संकेत
बहुत ज्यादा जम्हाई आना देता है ये 5 खतरनाक संकेत, न दिया ध्यान तो जा सकती है जान भी