डीएनए हिंदी: यूक्रेन (Ukraine) के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की (Volodymyr Zelensky) देश में रूस (Russia) के आक्रमण केबीच दुनियाभर से मदद की गुहार लगा रहे हैं. उन्होंने रविवार को अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन (Joe Biden) से बातचीत की.
यूक्रेनी राष्ट्रपति ने बाइडेन से अपील की है कि वह युद्धग्रस्त देश को वित्तीय सहायता दें और रूस के खिलाफ और कड़े प्रतिबंध लगाएं. दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत का एजेंडा यूक्रेन की सुरक्षा पर था.
वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की और जो बाइडेन के बीच करीब आधे घंटे तक की बातचीत हुई. व्हाइट हाउस ने कहा है कि अमेरिका अपने सहयोगियों से रूस की आक्रामकता पर ध्यान देने की अपील करेगा. जो बाइडेन ने प्राइवेट कंपनियों के प्रयासों से लेकर वीजा और मास्टरकार्ड जैसे पेमेंट्स कंपनियों की ओर से किए गए प्रयासों के बारे में भी सूचित किया.
Russia Ukraine War: क्या यूक्रेन से जंग में रूस दोहरा रहा है अपनी पुरानी गलती?
प्राइवेट कंपनियां भी बढ़ा रही हैं रूस की मुश्किलें!
दरअसल दोनों कंपनियों ने कहा है कि रूस में जारी किए गए उनके कार्ड से होने वाला कोई भी लेनदेन अब देश के बाहर काम नहीं करेगा, वहीं रूस के बाहर जारी किया गया कोई भी कार्ड रूसी मर्चेंट्स या एटीएम पर काम नहीं करेगा.
किन प्रतिबंधों की मांग कर रहे हैं वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की?
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने अमेरिकी सांसदों से रूस के तेल एवं गैस क्षेत्र पर प्रतिबंध लगाने और क्रेडिट कार्ड सुविधा को निरस्त करने की अपील की है. दक्षिण कैरोलिना में रिपब्लिकन पार्टी की नेता लिंडसे ग्राहम ने कहा कि शनिवार को अमेरिकी सांसदों से निजी बातचीत के दौरान ऊर्जा क्षेत्र में प्रतिबंध लगाने की जरूरत पर जोर दिया.
लिंडसे ग्राहम ने एक वीडियो जारी कर कहा है कि ऐसा कुछ भी जो रूसी अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचा सकता, वह यूक्रेन के लोगों के लिए मददगार होगा. लगातार लगाए जा रहे प्रतिबंध रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के लिए युद्ध को और मुश्किल कर देंगे.
हमसे जुड़ने के लिए हमारे फेसबुक पेज पर आएं और डीएनए हिंदी को ट्विटर पर फॉलो करें.
यह भी पढ़ें-
DNA एक्सप्लेनर : कौन से देश हैं NATO में? क्या है यह संस्था?
DNA एक्सप्लेनर: क्यों पश्चिमी देश Ukraine के भविष्य पर चिंतित हैं, क्या चाहता है Russia?
- Log in to post comments

Zelensky and Joe Biden
Russia Ukraine War: वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने की जो बाइडेन से बात, क्या बढ़ सकती हैं रूस की मुश्किलें ?