पति पर झूठा केस मानसिक क्रूरता की निशानी, High Court ने तलाक के फैसले को ठहराया सही, जानें पूरी बात

बॉम्बे हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में पति के खिलाफ झूठे आपराधिक मामलों को मानसिक क्रूरता करार दिया है. यह मामला 2018 में पारिवारिक अदालत द्वारा दिए गए तलाक के आदेश से जुड़ा था. अदालत ने इसे विवाह की पवित्रता के खिलाफ बताया और तलाक के आदेश को सही ठहराया.

'पति की गर्लफ्रेंड रिश्तेदार नहीं' घरेलू हिंसा मामले में बॉम्बे हाई कोर्ट ने क्यों कही ये बात

Mumbai News: एक पत्नी ने अपने पति और उसके परिवार के खिलाफ घरेलू हिंसा का मुकदमा दर्ज कराते हुए उसकी गर्लफ्रेंड को भी इसमें आरोपी बनाया था. हाई कोर्ट ने इसे गलत माना है.