भारतीय स्टार पहलवान बजरंग पुनिया को NADA यानी नेशनल एंटी डोपिंग एजेंसी की ओर से चार साल के लिए निलंबित कर दिया गया है. इसको लेकर बड़ी वजह सामने आई है. नाडा को ये फैसला इसलिए लेना पड़ा क्योंकि बजरंग पुनिया ने मार्च में डोप टेस्ट के लिए अपना नमूना देने से इनकार कर दिया था. पैनल का मानना है कि एथलीट अनुच्छेद 10.3.1 के तहत प्रतिबंधों के लिए जवाबदेह हैं.
पीटीआई ने दी जानकारी
न्यूज एंजेंसी पीटीआई ने अपने रिपोर्ट में इसकी जानकारी दी है. बता दें कि डोपिंग रोधी एजेंसी ने पूनिया को इस मामले में सबसे पहले 23 अप्रैल को सस्पेंड का ऐलान किया था. इतना ही नहीं इसके बाद विश्वशासी निकाय यूडब्ल्यूडब्ल्यू ने भी उन्हें सस्पेंड करने का फैसला सुनाया था. इस निलंबन के बाद बजरंग पुनिया प्रतिस्पर्धी कुश्ती के मुकाबलें में वापसी नहीं कर पाएंगे.
बजरंग पुनिया का आरोप
इतना ही अगर वह विदेश में कुश्ती की कोचिंग के लिए भी आवेदन करते है तो ये भी संभव नहीं हो पाएंगा. उधर पुनिया शुरू ही कह रहे रहे थे कि रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (डब्ल्यूएफआई) के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के कारण डोपिंग कंट्रोल को लेकर उनके साथ बेहद पक्षपातपूर्ण और अनुचित व्यवहार किया गया था.
ख़बर की और जानकारी के लिए डाउनलोड करें DNA App, अपनी राय और अपने इलाके की खबर देने के लिए जुड़ें हमारे गूगल, फेसबुक, x, इंस्टाग्राम, यूट्यूब और वॉट्सऐप कम्युनिटी से.
- Log in to post comments

bajrang punia
NADA ने भारतीय पहलवान Bajrang Punia को 4 साल के लिए क्यों किया सस्पेंड, ये बड़ी वजह आई सामने