Farmer Protest: केंद्र सरकार और किसान नेताओं के बीच बुधवार को भी मीटिंग में किसानों की मांगों को लेकर स्पष्ट फैसला नहीं हो सका है. सातवें दौर की इस बातचीत को भी बेनतीजा माना जा रहा है. हालांकि किसान नेता और केंद्र सरकार 4 मई को फिर से मीटिंग के लिए मिलेंगे, लेकिन इससे पहले किसान आंदोलन से जुड़े नेताओं पर बुधवार शाम को अचानक शुरू हुई कार्रवाई ने संदेह की लहर दौड़ा दी है. पंजाब पुलिस ने लंबे समय से आमरण अनशन पर चल रहे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल, सरवन सिंह पंधेर, अभिमन्यु कोहाड़ आदि किसान नेताओं को हिरासत में ले लिया है. माना जा रहा है कि यह हरियाणा-पंजाब को जोड़ने वाले शंभू और खनौरी बॉर्डर को खाली कराने से पहले की कार्रवाई है ताकि वहां ज्यादा विरोध का सामना ना करना पड़े. हालांकि अभी तक इस बारे में कोई ऑफिशियल बयान सामने नहीं आया है. बता दें कि शंभू और खनौरी बॉर्डर पर पिछले साल से किसान उन्हें दिल्ली जाकर प्रदर्शन नहीं करने देने के विरोध में धरना देकर बैठे हुए हैं.

डल्लेवाल को हिरासत में लेते समय हुई झड़प
आमरण अनशन पर बैठे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल को मोहाली-चंडीगढ़ बॉर्डर पर हिरासत में लिया गया है. डल्लेवाल यहीं पर अनशन कर रहे हैं. डल्लेवाल को पंजाब पुलिस द्वारा जबरन हिरासत में लेने का किसानों ने विरोध किया, जिसके चलते दोनों पक्षों में झड़प भी हुई है. हालांकि भारी संख्या में पुलिसबल होने के चलते किसानों का विरोध ज्यादा देर नहीं टिक सका, लेकिन हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं. बता दें कि डल्लेवाल के आमरण अनशन को लेकर केंद्र व पंजाब सरकार को सुप्रीम कोर्ट में भी कई बार तगड़ी झाड़ पड़ चुकी है. 

किसान कर रहे हैं सरकार से ये सारी मांग
किसान केंद्र सरकार से सभी फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) घोषित करने की मांग कर रहे हैं. उनका कहना है कि किसानों को उनकी फसल की एक तय कीमत हर हाल में मिलनी चाहिए. इसके अलावा किसान साल 2020-21 के दौरान दिल्ली और अन्य राज्यों में हुए किसान आंदोलन में मारे गए किसानों के परिवारों को मुआवजा, साल 2013 में आए भूमि अधिग्रहण कानून की दोबारा बहाली और लखीमपुर-खीरी में भाजपा नेता के बेटे की गाड़ी के नीचे आकर मारे गए किसानों की हत्या के दोषियों को कड़ी सजा दिलाने की भी मांग उठाते रहे हैं. किसानों का आंदोलन साल 2020 में कोरोना महामारी से पहले शुरू हुआ था, जिसमें किसानों ने करीब एक साल तक दिल्ली के बॉर्डरों पर धरना देकर उन्हें सील कर दिया था. इसके बावजूद अब तक उनकी समस्या का समाधान नहीं निकला है.

सरकार से सातवें दौर की वार्ता में भी नहीं निकला हल
अपनी मांगों का हल तलाशने के लिए बुधवार को किसान नेताओं की केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ बैठक हुई. किसानों और केंद्र सरकार के बीच इस सातवें दौर की बैठक में भी MSP को लेकर कानूनी गारंट पर सहमति नहीं बनी. साथ ही कर्ज माफी, बिजली दरों में कमी, किसानों पर दर्ज पुलिस केस हटाने, किसान व कृषि मजदूरों के लिए पेंशन गारंटी और लखीमीपुर खीरी हिंसा पीड़ितों को न्याय जैसे मुद्दों पर भी बात हुई. हालांकि किसी भी मुद्दे पर फाइनल निर्णय नहीं हो सका है, लेकिन बैठक के बाद कृषि मंत्री ने कहा कि सकारात्मक माहौल में चर्चा हुई है और अगली बैठक 4 मई को होगी. इस बैठक में आमरण अनशन पर चल रहे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल भी एंबुलेंस में सवार होकर पहुंचे. बैठक में संयुक्त किसान मोर्चा और किसान मजदूर मोर्चा के 28 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल की मौजूदगी रही. इनके अलावा केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी व पीयूष गोयल और पंजाब सरकार के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा व कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां भी बैठक में शामिल हुए.

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farmer protest updates jagjit singh dallewal and other farmer leaders in police custody after no result in government farmers meeting shivraj singh Chouhan
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इधर सरकार से वार्ता विफल, उधर आंदोलनकारी किसानों पर कार्रवाई शुरू, हिरासत में लि
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Jagjit Singh Dallewal को हिरासत में लेती पंजाब पुलिस. (फोटो-ANI)
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Jagjit Singh Dallewal को हिरासत में लेती पंजाब पुलिस. (फोटो-ANI)

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इधर सरकार से वार्ता विफल, उधर आंदोलनकारी किसानों पर कार्रवाई शुरू, हिरासत में लिए डल्लेवाल

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